शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाएँ आज युवाओं के करियर निर्माण की सबसे सुदृढ़ सीढ़ी हैं, परन्तु महंगी कोचिंग फीस कई प्रतिभाशाली छात्रों के लिए बड़ी बाधा बन जाती है। इसी परेशानी को समझते हुए राजस्थान सरकार ने मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना 2026 (Mukhyamantri Anuprati Coaching Yojana) आरम्भ की है। यह योजना वित्तीय रूप से कमजोर, लेकिन मेधावी छात्रों को UPSC, RPSC, REET, SSC, बैंकिंग, NEET, JEE, CLAT जैसी मुख्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए निःशुल्क कोचिंग और आर्थिक मदद प्रदान करती है।
इस योजना का प्रमुख उद्देश्य सिर्फ कोचिंग देना नहीं, परन्तु योग्य छात्रों को समान मौके देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और सरकारी सेवाओं में उनकी भागीदारी बढ़ाना है।
अनुप्रति कोचिंग योजना 2026 का संक्षिप्त विवरण
| विषय | विवरण |
| योजना का नाम | Mukhyamantri Anuprati Coaching Yojana |
| प्रारंभकर्ता | राजस्थान सरकार |
| विभाग | सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग (SJE) |
| लाभार्थी | SC, ST, OBC, EWS, अल्पसंख्यक वर्ग के छात्र |
| सहायता | निःशुल्क कोचिंग |
| परीक्षाएँ | UPSC, RPSC, REET, SSC, बैंकिंग, NEET, JEE, CLAT आदि |
| आधिकारिक वेबसाइट |
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना के उद्देश्य
Mukhyamantri Anuprati Coaching Yojana का प्रमुख उद्देश्य वित्तीय रूप से कमजोर परन्तु मेधावी शिक्षकों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए समान मौका प्रदान करना है। इस योजना के जरिए से यूपीएससी, आरपीएससी, रीट, एसएससी, बैंकिंग, नीट, जेईई, क्लैट जैसी परीक्षाओं हेतु निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण कोचिंग प्राप्त कराई जाती है। इसका उद्देश्य कोचिंग की ऊँची फीस के कारण प्रतिभा के दबने की परेशानी को समाप्त करना है। साथ ही, अनुसूचित जाति, जनजाति, ओबीसी, ईडब्ल्यूएस एवं अल्पसंख्यक वर्ग के शिक्षकों की भागीदारी बढ़ाकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और सरकारी व पेशेवर सेवाओं में प्रतिनिधित्व सशक्त करना भी इस योजना का मुख्य उद्देश्य है।
अनुप्रति कोचिंग योजना की मुख्य विशेषताएँ और लाभ
अनुप्रति कोचिंग योजना राजस्थान सरकार की एक कल्याणकारी कदम है, जिसका लक्ष्य वित्तीय रूप से कमजोर परन्तु मेधावी शिक्षकों को प्रतियोगी परीक्षाओं की अच्छा तैयारी का मौका देना है। यह योजना शिक्षा में समानता और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देती है, जिससे योग्य छात्र संसाधनों की कमी के वजह से पिछड़ न जाएँ।
- पूरी तरह निःशुल्क कोचिंग: चयनित प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों में पढ़ाई
- वित्तीय सहायता: आवास, किताबें और अध्ययन सामग्री के लिए वजीफा
- व्यापक परीक्षा कवरेज: सिविल सेवा से लेकर इंजीनियरिंग, मेडिकल और लॉ तक
- योग्यता आधारित चयन: मेरिट और पात्रता के आधार पर पारदर्शी प्रक्रिया
- समावेशी योजना: SC, ST, OBC, EWS और अल्पसंख्यक छात्रों के लिए
- यदि आप Mukhyamantri Anuprati Coaching Yojana जैसी दूसरी महिला-केंद्रित सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी लेना चाहती हैं, तो PM Vidya Lakshmi Portal के फायदे और इसकी आवेदन प्रक्रिया पर भी एक नज़र जरूर डालें।
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना की पात्रता
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना का फायदा उन्हीं शिक्षकों को दिया जाता है जो शैक्षणिक रूप से योग्य होने के साथ वित्तीय रूप से कमजोर वर्ग से आते हैं। इस योजना का लक्ष्य प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का समान मौका देना है, जिससे संसाधनों की कमी उनके भविष्य में मुश्किल न बने।
पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria):
- आवेदक राजस्थान का स्थायी निवासी होना चाहिए।
- छात्र SC, ST, OBC, EWS, अल्पसंख्यक या अन्य पात्र श्रेणी से संबंधित होना चाहिए।
- जिस प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करनी है, उसकी न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।
- परिवार की टोटल सालाना आय ₹8 लाख से ज्यादा नहीं होनी चाहिए।
- छात्र का चयन मेरिट और निर्धारित मापदंडों के आधार पर किया जाता है।
अनुप्रति कोचिंग योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज़
अनुप्रति कोचिंग योजना के लिए नामांकन करते वक्त अभ्यर्थियों को अपनी पात्रता और पहचान प्रमाणित करने हेतु महत्वपूर्ण दस्तावेज़ अपलोड करने होते हैं। ये दस्तावेज़ नामांकन की जाँच और चयन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाते हैं। सही और वैध दस्तावेज़ जमा करने से नामांकन अस्वीकृत होने की संभावना कम हो जाती है और योजना का फायदा वक्त पर प्राप्त होता है। नामांकन करते वक्त नीचे दिए गए दस्तावेज़ आवश्यक हैं:
- आधार कार्ड
- निवास प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र
- आय प्रमाण पत्र
- शैक्षणिक प्रमाण पत्र व अंकतालिका
- पासपोर्ट साइज फोटो
- बैंक खाता विवरण (आधार लिंक)
- कोचिंग प्रवेश प्रमाण
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना में मिलने वाली वित्तीय सहायता
Mukhyamantri Anuprati Coaching Yojana में निर्वाचित विद्यार्थियों को सरकार की तरफ से व्यापक आर्थिक सहायता प्राप्त की जाती है, जिससे आर्थिक अभाव उनके लक्ष्य में परेशानी न बने। इस योजना के अंतर्गत मान्यता प्राप्त कोचिंग संस्थानों की पूरी कोचिंग फीस सरकार वहन करती है, जिससे छात्रों को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन निःशुल्क मिलता है। इसके अलावा, बाहर से आने वाले विद्यार्थियों के लिए आवास भत्ता दिया जाता है, जिससे रहने की मुश्किल न हो। पढ़ाई के लिए जरुरी किताबें, नोट्स और अध्ययन सामग्री हेतु भी मदद धनराशि प्राप्त की जाती है। आवशकता पड़ने पर यात्रा भत्ता भी प्राप्त कराया जाता है। समस्त सहायता राशि DBT (Direct Benefit Transfer) के जरिए से सीधे शिक्षक के बैंक खाते में भेजी जाती है, जिससे प्रक्रिया पारदर्शी और सुरक्षित रहती है।
अनुप्रति कोचिंग योजना 2026 आवेदन प्रक्रिया
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना में नामांकन करने के लिए एप्लिकेंट राजस्थान सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग (SJE) की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं और महत्वपूर्ण दस्तावेज़ अपलोड कर सबमिट कर सकते हैं।
- SJE राजस्थान की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएँ
- “अनुप्रति कोचिंग योजना – नया पंजीकरण” पर ऑप्शन क्लिक करें
- जन आधार या SSO ID से लॉगिन करें
- व्यक्तिगत, शैक्षणिक और आय संबंधी विवरण भरें
- सभी आवश्यक दस्तावेज़ अपलोड करें
- आवेदन फॉर्म सबमिट कर आवेदन संख्या सुरक्षित रखें
अनुप्रति कोचिंग योजना स्टेटस कैसे चेक करें?
अनुप्रति कोचिंग योजना का स्टेटस चेक करने के लिए नामांकन को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, राजस्थान की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होता है। वहां “Application Status – Anuprati Coaching Yojana” विकल्प चुनकर पंजीकरण संख्या और जन्म तिथि फील करनी होती है। सबमिट करने पर पंजीकरण की वर्तमान परिस्तिथि स्क्रीन पर नजर आ जाती है।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री अनुप्रति कोचिंग योजना 2026 राजस्थान के हजारों प्रतिभाशाली छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर है। यह योजना न केवल मुफ्त कोचिंग देती है, बल्कि आर्थिक और सामाजिक बाधाओं को हटाकर युवाओं को अपने सपनों की प्रतियोगी परीक्षाएँ पास करने का मजबूत मंच प्रदान करती है। अगर आप पात्र हैं, तो इस योजना के लिए समय पर आवेदन कर अपने भविष्य को नई दिशा दें।
